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गुरुवार, 12 जनवरी 2023

वैज्ञानिकों को मिला माया सभ्यता का सबसे बड़ा 'सबूत', जंगलों में छिपी जगह

Maya civilization

माया सभ्यता ने इतिहासकारों, भूवैज्ञानिकों और वैज्ञानिकों को हमेशा आकर्षित किया है। यह मेक्सिको की सभ्यता थी, जिसकी शुरुआत 1500 ईसा पूर्व हुई थी। मेक्सिको के अलावा ग्वाटेमाला, होंडुरास और अल-सल्वाडोर में भी इस सभ्यता का विकास हुआ। धीरे-धीरे यह सभ्यता समाप्त हो गई। अब भूवैज्ञानिकों ने उत्तरी ग्वाटेमाला में लगभग 650 वर्ग मील(1,700 वर्ग किलोमीटर) में एक विशाल माया साइट की खोज की है। ऐसा अनुमान है कि इस स्थल पर 1000 ईसा पूर्व से 250 ईसा पूर्व तक माया सभ्यता मौजूद थी। इस माया साइट को भी दिलचस्प तरीके से खोजा गया था। साइट की खोज भूवैज्ञानिकों द्वारा एक हवाई सर्वेक्षण के दौरान की गई थी, जब उन्होंने एक विमान से LIDAR(लाइट डिटेक्शन एंड रेंजिंग) का उपयोग किया था। इस प्रक्रिया में लेजर प्रकाश का उपयोग किया जाता है और परावर्तित प्रकाश से एक हवाई छवि तैयार की जाती है। यह तकनीक ग्वाटेमाला के घने जंगलों वाले इलाकों में अच्छे नतीजे देती है। लेजर लाइट घने जंगलों के बीच से होकर वस्तुओं तक पहुंचती है। लाइव साइंस की एक रिपोर्ट के अनुसार, भूवैज्ञानिकों द्वारा प्राप्त आंकड़ों ने क्षेत्र में एक हजार से अधिक बस्तियों की पहचान की, जो 160 किमी के क्षेत्र में एक-दूसरे से जुड़ी हुई थीं। यह अध्ययन मेसोअमेरिका जर्नल में प्रकाशित हुआ है। आंकड़े बताते हैं कि सैकड़ों साल पहले गुआ टेमाला में इस जगह पर एक बस्ती थी जो राजनीतिक और आर्थिक रूप से जुड़ी हुई थी। इस क्षेत्र में ऐसी जगह पहले कभी नहीं खोजी गई है।
अध्ययन में शामिल कार्लोस मोरालेस-एगुइलर ने लाइव साइंस को बताया कि अब हम ग्वाटेमाला के इस क्षेत्र में माया क्षेत्र का पूरा परिदृश्य देख सकते हैं। भूवैज्ञानिक यह भी समझना चाहते थे कि वह क्या था जिसने माया सभ्यता को यहां बसने के लिए प्रोत्साहित किया। अपने अध्ययन में वैज्ञानिक इस निष्कर्ष पर पहुंचे हैं कि क्षेत्र में कृषि भूमि का संतुलन अच्छा था। मतलब यहां की जमीन न ज्यादा दलदली थी और न ज्यादा सूखी। शोधकर्ताओं को उम्मीद है कि लिडार तकनीक से उन्हें ग्वाटेमाला के उन हिस्सों का पता लगाने में मदद मिलेगी जो सदियों से एक रहस्य बने हुए हैं। ग्वाटेमाला में भूवैज्ञानिक जिन स्थलों की खोज कर रहे हैं, वहां लिडार तकनीक बहुत उपयोगी साबित हुई है। घने जंगल के कारण यहां दृश्यता बहुत कम रहती है। लिडार तकनीक के साथ, वैज्ञानिक क्षेत्र को बहुत अच्छी तरह माप सकते हैं।

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