52वें केवीएस चंडीगढ़ संभाग स्तरीय खो-खो बालक वर्ग अंडर 14और 17 का शनिवार को केंद्रीय विद्यालय नंबर2, जालंधर कैंट में समापन हुआ। इस कार्यक्रम में चंडीगढ़ क्षेत्र के विभिन्न केंद्रीय विद्यालयों के 185 छात्रों की भागीदारी देखी गई। तीन दिनों के दौरान, मैचों में उल्लेखनीय कौशल और दृढ़ संकल्प का प्रदर्शन हुआ। खो-खो अंडर-17 वर्ग के फाइनल मैच में, के.वी. नंबर1 पठानकोट ने असाधारण कौशल का प्रदर्शन किया और प्रथम उपविजेता के.वी. उभावल को हराकर विजयी हुआ। के.वी. SLIET लोंगोवाल ने दूसरा उपविजेता स्थान हासिल किया। इसी तरह, खो-खो अंडर-14 वर्ग में के.वी. नंबर-2 आदमपुर ने अपना दबदबा दिखाते हुए प्रथम उपविजेता के.वी. नंबर-1 पठानकोट पर विजयी जीत हासिल की। के.वी. फाजिल्का ने द्वितीय रनर-अप स्थान हासिल किया। श्री. रविंदर कुमार प्राचार्य केंद्रीय विद्यालय नंबर-2, जालंधर ने विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए। उन्होंने अपने समापन भाषण में इस बात पर जोर दिया कि खेलों में भाग लेना और शामिल होना जीत के नतीजे से भी अधिक महत्व रखता है।स्पोर्ट्स मीट का निर्बाध समन्वय और क्रियान्वयन श्रीमती नीलम सहगल एवं श्री. बलराज सिंह टीजीटी पी एंड एचई के समर्पित मार्गदर्शन में हुआ।
52वें केवीएस चंडीगढ़ संभाग स्तरीय खो-खो बालक वर्ग अंडर 14और 17 का शनिवार को केंद्रीय विद्यालय नंबर2, जालंधर कैंट में समापन हुआ। इस कार्यक्रम में चंडीगढ़ क्षेत्र के विभिन्न केंद्रीय विद्यालयों के 185 छात्रों की भागीदारी देखी गई। तीन दिनों के दौरान, मैचों में उल्लेखनीय कौशल और दृढ़ संकल्प का प्रदर्शन हुआ। खो-खो अंडर-17 वर्ग के फाइनल मैच में, के.वी. नंबर1 पठानकोट ने असाधारण कौशल का प्रदर्शन किया और प्रथम उपविजेता के.वी. उभावल को हराकर विजयी हुआ। के.वी. SLIET लोंगोवाल ने दूसरा उपविजेता स्थान हासिल किया। इसी तरह, खो-खो अंडर-14 वर्ग में के.वी. नंबर-2 आदमपुर ने अपना दबदबा दिखाते हुए प्रथम उपविजेता के.वी. नंबर-1 पठानकोट पर विजयी जीत हासिल की। के.वी. फाजिल्का ने द्वितीय रनर-अप स्थान हासिल किया। श्री. रविंदर कुमार प्राचार्य केंद्रीय विद्यालय नंबर-2, जालंधर ने विजेताओं को पुरस्कार वितरित किए। उन्होंने अपने समापन भाषण में इस बात पर जोर दिया कि खेलों में भाग लेना और शामिल होना जीत के नतीजे से भी अधिक महत्व रखता है।स्पोर्ट्स मीट का निर्बाध समन्वय और क्रियान्वयन श्रीमती नीलम सहगल एवं श्री. बलराज सिंह टीजीटी पी एंड एचई के समर्पित मार्गदर्शन में हुआ।
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