31 मई तक नशा मुक्त पंजाब का संकल्प: मोहिंदर भगत का बड़ा ऐलान

Say No To Drugs

जालंधर, 15 मई: पंजाब सरकार की ओर से चलाए जा रहे "युद्ध नशे के विरुद्ध" अभियान को लेकर आज एक अहम बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता कैबिनेट मंत्री श्री मोहिंदर भगत ने की। यह बैठक राज्य को नशा मुक्त बनाने के संकल्प को और अधिक मजबूत करने के लिए बुलाई गई थी।

इस बैठक में डिप्टी कमिश्नर डॉ. हिमांशु अग्रवाल, पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर, मेयर विनीत धीर, पार्षदगण, ब्लॉक अध्यक्ष और कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

31 मई: नशा मुक्त पंजाब का लक्ष्य

बैठक के दौरान श्री भगत ने बताया कि नशे के खिलाफ चल रहे इस विशेष अभियान की अंतिम तिथि 31 मई तय की गई है। उन्होंने कहा कि इस तारीख तक हर हाल में अधिकतम परिणाम हासिल किए जाएं, और कहीं भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी

नशा तस्करों को किसी कीमत पर नहीं मिलेगी शह

मंत्री भगत ने दो टूक कहा कि यदि कोई भी व्यक्ति – चाहे वह राजनीतिक रसूख वाला हो या आम नागरिक, नशा तस्करों की पैरवी करता पाया गया, तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा उन्होंने साफ किया कि यदि किसी थाने के अंतर्गत नशा तस्करी की शिकायत मिलती है, तो थाना प्रभारी पर भी जिम्मेदारी तय की जाएगी

हर अधिकारी निभाए अपनी भूमिका

श्री भगत ने सभी विभागीय अधिकारियों से आह्वान किया कि वे इस अभियान को एक जन आंदोलन की तरह लें और अपनी नैतिक और प्रशासनिक जिम्मेदारी को गंभीरता से निभाएं। "पंजाब को नशे से आज़ादी दिलाना हमारी प्राथमिकता है," उन्होंने जोर देकर कहा।

आप क्या कर सकते हैं?
अगर आपके आसपास नशा तस्करी या सेवन की कोई जानकारी है, तो पुलिस या प्रशासन से तुरंत संपर्क करें। आपकी एक सूचना कई ज़िंदगियों को बचा सकती है।