पंजाब शिक्षा विभाग में गेस्ट फैकल्टी में काम करने वाली महिलाओं को भी मिलेगा मैटरनिटी लीव
मैटरनिटी लीव के दौरान गेस्ट फैकल्टी को छुट्टी और भत्ते देना अनिवार्य होगा। इस संबंध में उच्च शिक्षा सचिव कृष्ण कुमार ने पत्र जारी किया है। इस फैसले से सरकारी कॉलेजों में गेस्ट फैकल्टी के पद पर कार्यरत शिक्षकों को उनका अधिकार मिल गया है। गौरतलब है कि इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट ने मैटरनिटी लीव को लेकर भी अच्छे फैसले लिए हैं, जिनका अब पालन किया जा रहा है। इसके साथ ही अतिथि संकाय के शिक्षकों ने भी उम्मीद जताई कि सरकार उनके लंबित मामलों का उचित समाधान निकालेगी। गौरतलब है कि विगत कई वर्षों से महाविद्यालयों में कार्यरत अतिथि शिक्षकों को मातृत्व अवकाश की मांग की जा रही थी। ताकि नियमित शिक्षकों की तरह उन्हें भी गर्भावस्था के दौरान अपनी और नवजात की देखभाल के लिए छुट्टी प्राप्त हो। गेस्ट फैकल्टी एसोसिएशन के सदस्यों का यह कहना है कि हर बार मातृत्व अवकाश के दौरान गेस्ट फैकल्टी को सरकार की ओर से छुट्टी लेने के कोई स्पष्ट नियम नहीं थे, जिससे उन्हें हमेशा मैटरनिटी लीव लेने वाले गेस्ट फैकल्टी के लिए परेशानी का सामना करना पड़ता था। इस मांग को लेकर गेस्ट फैकल्टी एसोसिएशन ने कई बार पंजाब सरकार को पत्र लिखकर इसकी मांग की थी। उच्च शिक्षा सचिव कृष्ण कुमार के इस निर्णय से सभी सरकारी एवं गैर सरकारी महाविद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को उम्मीद है कि अधिक विषयों पर स्पष्ट पत्र निकाल कर उच्च शिक्षा के कार्य में सुधार होगा।
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